
छत्रपति संभाजीनगर. सोशल मीडिया पर महाराष्ट्र के छत्रपति संभाजीनगर जिले के एक सरकारी सहायता प्राप्त स्कूल का वीडियो सामने आया है, जिसमें कुछ कर्मचारियों को एक दिव्यांग छात्र के साथ मारपीट करते देखा जा सकता है. एक अधिकारी ने मंगलवार को बताया कि वीडियो का संज्ञान लेते हुए स्कूल प्रशासन ने छह कर्मचारियों को निलंबित कर दिया है.
अधिकारी के मुताबिक, मांडकी गांव में दिव्यांग छात्रों के लिए स्कूल चलाने वाले संगठन ने एक रसोइया और चपरासी सहित अपने छह कर्मचारियों को निलंबित कर दिया है. उन्होंने बताया कि यह कदम कुछ दिन पहले सोशल मीडिया पर वायरल हुए एक वीडियो के बाद उठाया गया है, जिसमें कुछ कर्मचारी एक बच्चे को फ्राइंग पैन से पीटते दिखाई दे रहे थे. अधिकारी के अनुसार, स्कूल प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि वीडियो कम से कम तीन साल पुराना है और जिस छात्र के साथ मारपीट की गई थी, वह घटना के तुरंत बाद संस्थान छोड़कर चला गया था.
उन्होंने बताया कि वीडियो का संज्ञान लेते हुए स्कूल की प्रबंध समिति के अध्यक्ष ने चपरासी, रसोइया और देखभालकर्ता सहित छह कर्मचारियों को निलंबित करने का आदेश दिया है. अधिकारी ने छात्र के साथ मारपीट होने की वजह नहीं बताई. उन्होंने ‘पीटीआई-भाषा’ से कहा कि कर्मचारियों के निलंबन की रिपोर्ट छत्रपति संभाजीनगर जिला परिषद के सामाजिक न्याय विभाग को मिल गई है.
अधिकारी ने बताया कि 29 अक्टूबर को चिकलथाना पुलिस थाने में दो व्यक्तियों (निलंबित चपरासी और देखभालकर्ता) के खिलाफ दिव्यांग जन अधिकार अधिनियम 2016 और भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की संबंधित धाराओं के तहत स्वेच्छा से चोट पहुंचाने, शांति भंग करने के इरादे से जानबूझकर अपमान करने और दिव्यांग व्यक्ति के खिलाफ बल प्रयोग करने के आरोप में मामला दर्ज किया गया था.
